उपमुख्यमंत्री श्री साव और वित्त मंत्री श्री चौधरी के समन्वय से मिली गति, 8.50 किमी फोरलेन मार्ग से बदलेगी तमनार की तस्वीर

भारी वाहनों का दबाव होगा कम, दुर्घटनाओं और प्रदूषण से मिलेगी राहत

रायगढ़, 28 मार्च 2026। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के मंशानुरूप प्रदेश में आधारभूत संरचना के सुदृढ़ीकरण और आमजन को सुरक्षित व सुगम यातायात उपलब्ध कराने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। इसी कड़ी में रायगढ़ जिलें जिले के खजिन खनन प्रभावित तमनार क्षेत्र के लिए बहुप्रतीक्षित बायपास मार्ग निर्माण को 152.49 करोड़ रुपए की स्वीकृति प्रदान की गई है। यह निर्णय न केवल क्षेत्रवासियों की लंबे समय से चली आ रही मांग को पूरा करता है, बल्कि विकास की गति को भी नई दिशा देता है।
तमनार क्षेत्र में कोयला परिवहन के लिए भारी वाहनों का लगातार आवागमन होता है, जिससे स्थानीय नागरिकों को आए दिन सड़क दुर्घटनाओं और धूल-प्रदूषण जैसी गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ता है। इस स्थिति को लेकर जनप्रतिनिधियों और आम नागरिकों द्वारा लगातार शासन का ध्यान आकृष्ट कराया जाता रहा।

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के संवेदनशील नेतृत्व में इन समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए त्वरित समाधान के निर्देश दिए गए। उपमुख्यमंत्री श्री अरुण साव एवं वित्त मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने भी तमनार क्षेत्र की जमीनी परिस्थितियों को समझते हुए इस मांग को प्राथमिकता दी और अधिकारियों को शीघ्र स्वीकृति प्रक्रिया पूर्ण करने के निर्देश दिए। शासन स्तर पर लगातार मॉनिटरिंग के चलते इस महत्वपूर्ण परियोजना को तेजी से आगे बढ़ाया गया।
इसी दिशा में 27 मार्च 2026 को मुख्य सचिव, छत्तीसगढ़ शासन की अध्यक्षता में आयोजित परियोजना निर्माण एवं क्रियान्वयन समिति की 70वीं बैठक में तमनार बायपास मार्ग का प्रस्ताव प्रस्तुत किया गया। विस्तृत परीक्षण और गहन चर्चा के बाद समिति ने 8.50 किलोमीटर लंबे इस बायपास मार्ग के निर्माण को मंजूरी प्रदान की।
प्रस्तावित बायपास मार्ग का निर्माण फोर लेन के रूप में किया जाएगा, जिसमें 2 वृहद पुल, 4 लघु पुल, आवश्यक पुल-पुलिया, रिटेनिंग वॉल, टो-वॉल तथा जल निकासी के लिए नालियों का प्रावधान शामिल है।
बायपास मार्ग के निर्माण से भारी वाहनों का आवागमन आबादी क्षेत्र से बाहर डायवर्ट होगा, जिससे तमनार और आसपास के क्षेत्रों में यातायात अधिक व्यवस्थित और सुरक्षित होगा। साथ ही सड़क दुर्घटनाओं में कमी आएगी और धूल व प्रदूषण की समस्या से भी काफी हद तक राहत मिलेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *