केंदा घाट की मोड़ में बिलासपुर के फर्नीचर व्यापारी की मारूति कार चंद मिनट में राख का ढेर बन गई। कार में सवार दो लोग तत्काल कार से बाहर आ गए जिससे उनकी जान बच गई।

केंदा घाट की मोड़ में बिलासपुर के फर्नीचर व्यापारी की मारूति कार चंद मिनट में राख का ढेर बन गई। कार में सवार दो लोग तत्काल कार से बाहर आ गए जिससे उनकी जान बच गई।

रविवार की दोपहर बिलासपुर के तेलीपारा स्थित अनिल फर्नीचर संस्थान के व्यापारी सुनील अग्रवाल ने अपने दो स्टाफ को किसी काम से अपनी मारुति स्विफ्ट डिजायर कार नंबर सीजी दस, एजी 7797 देकर पेंड्रा के लिए भेजा था। कार में सवार स्टाफ जैसे ही केंदा घाटी की घाट की पहले मोड़ के पास स्थित एक मंदिर के पास पहुंचा ही था कि सामने इंजन की ओर से एक जोरदार आवाज आई और कार बंद हो गई। इसके तुरंत बाद दोनों कर्मचारी कार से नीचे उतरे और बोनट खोलकर इंजन को देखकर समस्या को समझने की कोशिश करने लगे इसके करीब पांच मिनट के भीतर ही इंजन से एक और आवाज आई और कार अपने आप स्टार्ट होकर घाट की ढाल बढ़ने लगी।

दोनों स्टाफ ने दौड़कर कार को रोका और हैंड ब्रेक लगा दिया इतनी देर में कार के भीतर आग लग चुकी थी और चंद मिनट में देखते ही देखते कार चारो ओर से आग की लपटों में समा गई। घटना में कार पूरी तरह से जलकर खाक हो गई है अंदेशा जताया जा रहा है कि कार के इंजन गर्म होने की वजह से घटना हुई है। वहीं घटना की जानकारी से केंदा पुलिस चौकी को अवगत करा दिया गया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *