बीते चार दिनों से राज्य सरकार विभिन्न विभागों के लिए थोक में तबादला आदेश जारी कर रही है। तबादले के लिए थोक में जारी की जाने वाली सूची में राज्य सरकार के अफसर नियम कानून व मापदंड का भी परवाह नहीं कर रहे हैं। ऐसे ही एक मामला कोरबा नगर निगम का है।छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट का मौजूदा फैसला प्रदेश के विभिन्न विभागों में काम करने वाले अधिकारी व कर्मचारियों के लिए राहत भरी खबर है। अगर किसी अधिकारी व कर्मचारी का रिटायरमेंट में एक साल की अवधि शेष है, तो उनका अन्यत्र तबादला नहीं किया जाएगा। कोर्ट ने कोरबा नगर निगम के ईई अरुण शर्मा की याचिका पर सुनवाई करते हुए यह महत्वपूर्ण फैसला दिया है। दरअसल इंजीनियर अरुण शर्मा के रिटायरमेंट में पांच महीने का समय शेष है। शासन द्वारा तय पालिसी का हवाला देते हुए इंजीनियर शर्मा ने याचिका दायर की थी।
