रायगढ़। ट्विंकल स्टार सीनियर सेकेंडरी स्कूल, रायगढ़ में विद्यार्थियों को कानून के प्रति जागरूक एवं जिम्मेदार नागरिक बनाने के उद्देश्य से विधिक जागरूकता एवं छात्र सुरक्षा विषयक विशेष कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि माननीय न्यायाधीश श्रीमती शोभना कोष्टा जी थीं। उनके विद्यालय आगमन पर विद्यार्थियों एवं शिक्षकों ने उत्साहपूर्वक उनका स्वागत किया।
कार्यक्रम के शुभारंभ में विद्यालय की डायरेक्टर श्रीमती विभा कुमार एवं प्राचार्या श्रीमती मेघा डबेडकर ने माननीय मुख्य अतिथि को पुष्पगुच्छ भेंट कर उनका आत्मीय स्वागत एवं सम्मान किया। इसके पश्चात विद्यालय परिवार की ओर से उनका औपचारिक परिचय प्रस्तुत किया गया तथा उनके न्यायिक जीवन एवं समाज में कानूनी जागरूकता के क्षेत्र में दिए गए उल्लेखनीय योगदान से उपस्थित विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को अवगत कराया गया।
अपने प्रेरणादायी उद्बोधन में माननीय श्रीमती शोभना कोष्टा ने विद्यार्थियों को मोटर वाहन अधिनियम, साइबर अपराध, गुड टच–बैड टच, नशे की लत के दुष्परिणाम तथा विद्यार्थियों के बीच होने वाले विवाद एवं मारपीट के कानूनी एवं सामाजिक प्रभाव जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तारपूर्वक जानकारी दी। उन्होंने कहा कि कानून केवल दंड देने का माध्यम नहीं, बल्कि समाज में अनुशासन, सुरक्षा और न्याय स्थापित करने का सशक्त आधार है। यदि प्रत्येक नागरिक अपने अधिकारों के साथ-साथ अपने कर्तव्यों का भी ईमानदारी से पालन करे, तो समाज अधिक सुरक्षित और सशक्त बन सकता है।
साइबर अपराध पर चर्चा करते हुए उन्होंने विद्यार्थियों को सोशल मीडिया का जिम्मेदारीपूर्वक उपयोग करने, किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ व्यक्तिगत जानकारी साझा न करने, ऑनलाइन ठगी, फर्जी लिंक एवं साइबर फ्रॉड से सतर्क रहने तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तत्काल सूचना अपने अभिभावकों, शिक्षकों अथवा संबंधित अधिकारियों को देने की सलाह दी।
‘गुड टच–बैड टच’ विषय पर उन्होंने बच्चों को सुरक्षित एवं असुरक्षित स्पर्श के बीच अंतर समझाया तथा यह संदेश दिया कि यदि कभी कोई असहज परिस्थिति उत्पन्न हो, तो बिना किसी डर या झिझक के अपने माता-पिता, शिक्षकों या विश्वसनीय व्यक्ति को इसकी जानकारी अवश्य दें।
उन्होंने नशे की बढ़ती प्रवृत्ति पर चिंता व्यक्त करते हुए विद्यार्थियों को नशीले पदार्थों से दूर रहने, अच्छे मित्रों का चयन करने तथा अपने जीवन के लक्ष्यों पर ध्यान केंद्रित करने के लिए प्रेरित किया। साथ ही उन्होंने विद्यार्थियों के बीच होने वाले छोटे-छोटे विवादों को संवाद, धैर्य और आपसी सम्मान से सुलझाने की सीख दी तथा बताया कि हिंसा और मारपीट कभी भी किसी समस्या का समाधान नहीं होती।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने भी उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए विभिन्न विषयों पर प्रश्न पूछे, जिनका माननीय मुख्य अतिथि ने सरल, प्रेरक एवं व्यावहारिक उदाहरणों के माध्यम से उत्तर दिया। उनके विचारों ने विद्यार्थियों को कानून के प्रति जागरूक रहने, सामाजिक जिम्मेदारियों का निर्वहन करने तथा एक आदर्श नागरिक बनने की प्रेरणा दी।
इस अवसर पर विद्यालय की डायरेक्टर श्रीमती विभा कुमार एवं प्राचार्या श्रीमती मेघा दाभड़कर ने माननीय श्रीमती शोभना कोष्टा का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे जागरूकता कार्यक्रम विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास, नैतिक मूल्यों के संवर्धन तथा कानूनी समझ विकसित करने में अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि इस कार्यक्रम से प्राप्त ज्ञान विद्यार्थियों के जीवन में सदैव उपयोगी सिद्ध होगा।
कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ। विद्यालय परिवार ने संकल्प लिया कि भविष्य में भी विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास एवं सामाजिक जागरूकता के लिए ऐसे प्रेरणादायी कार्यक्रमों का नियमित आयोजन किया जाएगा।

