मछली पालन से बदली पद्मिनी गुप्ता और उनके समूह की जिंदगी
‘बिहान’ योजना बनी आर्थिक सशक्तिकरण का मजबूत आधार
तकनीकी प्रशिक्षण, आइस बॉक्स और मछली बीज से बढ़ी आय
आत्मनिर्भर बनकर गांव की महिलाओं के लिए प्रेरणा बनीं पद्मिनी
रायगढ़, 15 मई 2026/ यदि अवसर और सही मार्गदर्शन मिल जाए, तो संघर्ष भी सफलता में बदल जाता है। रायगढ़ जिले के ग्राम पंचायत जकेला की पद्मिनी गुप्ता ने इस बात को सच साबित कर दिखाया है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में संचालित सुशासन और महिला सशक्तिकरण केंद्रित योजनाओं का लाभ लेकर आज वे आत्मनिर्भरता की मिसाल बन चुकी हैं। कभी आर्थिक तंगी से जूझने वाली पद्मिनी गुप्ता आज ‘प्रतिज्ञा स्व-सहायता समूह’ की सक्रिय सदस्य के रूप में मछली पालन व्यवसाय से अपने परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत कर रही हैं। साथ ही वे गांव की अन्य महिलाओं को भी आगे बढ़ने के लिए प्रेरित कर रही हैं।
पद्मिनी बताती हैं कि पहले परिवार का भरण-पोषण करना बेहद कठिन था। सीमित संसाधनों और कम आय के कारण जीवन संघर्षपूर्ण था। इसी दौरान उन्होंने ‘बिहान’ योजना के तहत ‘प्रतिज्ञा स्व-सहायता समूह’ से जुड़कर नई शुरुआत की। समूह से जुड़ने के बाद उन्हें बचत, स्वरोजगार और सामूहिक कार्य की जानकारी मिली। शासन की योजनाओं से जुड़ाव ने उनके भीतर आत्मविश्वास जगाया और आर्थिक रूप से आगे बढ़ने का मार्ग प्रशस्त किया। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के सुशासन में ग्रामीण आजीविका को बढ़ावा देने के उद्देश्य से समूह को जलाशय में 10 वर्षों का पट्टा आवंटित किया गया। यह अवसर पद्मिनी और उनके समूह के जीवन में बड़ा बदलाव लेकर आया। मत्स्य विभाग द्वारा समूह को उच्च गुणवत्ता वाले मछली बीज, मछली पकड़ने के लिए जाल, आइस बॉक्स तथा वैज्ञानिक पद्धति से मछली पालन का प्रशिक्षण उपलब्ध कराया गया। साथ ही मछलियों के आहार और तकनीकी मार्गदर्शन से उत्पादन क्षमता में भी वृद्धि हुई।
आज समूह की महिलाएं मछली पालन से अच्छी आय अर्जित कर रही हैं। नियमित आमदनी से परिवार की जरूरतें आसानी से पूरी हो रही हैं। बच्चों की पढ़ाई, घर की आवश्यकताएं और भविष्य की योजनाएं अब संभव हो पा रही हैं। पद्मिनी गुप्ता ने ‘सुशासन तिहार 2026’ के अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि शासन की योजनाओं का लाभ गांव की महिलाओं तक सीधे पहुंच रहा है और इससे उनका जीवन बदल रहा है। “समूह से जुड़ने के बाद हमारी जिंदगी बदल गई। शासन की मदद से आज हम आत्मनिर्भर बने हैं। मछली पालन से अच्छी आमदनी हो रही है और परिवार खुशहाल हुआ है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के सुशासन में गांव की महिलाओं को आगे बढ़ने का अवसर मिला है।

